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मेरठ: नौकरी का झांसा देकर दो युवकों ने दिल्ली की एक युवती से कथित रूप से सामूहिक दुष्कर्म किया। पुलिस के अनुसार दिल्ली की मंगोलपुरी निवासी 21 वर्षीय युवती ने पुलिस में दी तहरीर में बताया है कि वह स्नातक है और नौकरी की तलाश कर रही थी।

उसकी करीब तीन माह पहले प्रताप नामक युवक से दोस्ती हुई, जिसने उसे नौकरी दिलवाने का भरोसा दिया। प्रताप उसे नौकरी दिलाने के नाम पर दिल्ली, फरीदाबाद और आसपास के क्षेत्रों में भी ले गया।

युवती का आरोप है कि करीब दस दिन पहले प्रताप उसे नौकरी दिलवाने के बहाने अपने साथ ले गया। रास्ते में उसने कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ देकर बेहाशी की हालत में मेरठ के थाना दौराला क्षेत्र के एक मकान में ले गया जहां उसने और उसके दोस्त सुबोध निवासी खतौली ने उससे सामूहिक दुष्कर्म किया। इसके बाद उसे दौराला बस स्टैंड से दिल्ली जा रही बस में बैठा दिया।

पुलिस के अनुसार पीड़ित युवती प्रताप का पता नहीं बता पाई। घटना दौराला में किस मकान पर हुई इसकी भी युवती को जानकारी नहीं है। फिलहाल युवती का डॉक्टरी परीक्षण कराकर आरोपी युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर तलाश की जा रही है। युवकों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल भी निकाली जा रही है।


लंदन: वैज्ञानिकों ने कहा है कि अंतरिक्ष यात्रियों और रोबोटिक प्रणालियों के सहयोग से चंद्रमा पर गांव बसाने की योजना साल 2030 तक हकीकत बन सकती है।
नीदरलैंड में हुए यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी की संगोष्ठी में वैज्ञानिकों, इंजीनीयरों और उद्योग विशेषज्ञों ने कहा कि 'चंद्र गांव', मंगल और अन्य ग्रहों के भावी मानव अभियानों के लिए एक संभावित प्रेरणा स्रोत बन सकता है।
अमेरिका स्थित नोट्रेडेम विश्वविद्यालय के क्लाइव नील ने कहा कि इस लक्ष्य को हकीकत में तब्दील करने के लिए वैज्ञानिकों को अवश्य ही पहले यह तय करना चाहिए कि क्या चंद्रमा पर संसाधन हमारी सोच के अनुसार महत्व रखते हैं।
उन्होंने कहा कि हम चंद्रमा के संसाधनों के बारे में बात करना जारी रखेंगे, लेकिन हमें अब भी यह दिखाने की जरूरत है कि क्या उनका इस्तेमाल हो सकता है।
नील ने कहा कि इसलिए सबसे पहले वहां उपलब्ध संसाधनों के आकार, संरचना, स्वरूप और एकरूपता को समन्वित रूप से प्रमाणित करने की जरूरत है। अगले कदम के तौर पर इनके खनन की तकनीक और परिशोधन के बाद उत्पाद को उपयोगी वस्तु के रूप में दिखाना होगा।
उन्होंने बताया कि ईएसए बैठक में चंद्रमा पर उतरने और रोबोटिक नमूने लाने आदि के बारे में प्रौद्योगिकी विकसित करने का जिक्र किया गया। उन्होंने कहा कि इसके लिए काफी निवेश करने और पहल करने की जरूरत होगी।

जबलपुर: जीवन में कुछ बेहतर करने की ललक के साथ समाज की राष्ट्रीयस्तर पर अर्थपूर्ण सेवा के लिये आईएएस अधिकारी रोमन सैनी ने प्रतिष्ठित भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) से इस्तीफा दे दिया है।
जबलपुर के कलेक्टर एस.एन. रूपला ने बताया, ‘राष्ट्रीय स्तर पर कुछ और बेहतर करने के लिये सैनी (24) ने सितंबर 2015 में आईएएस सेवा छोड़ने का निर्णय लिया।’ उनके अनुसार युवा आईएएस अधिकारी ने सिविल सेवा में शामिल होने वाले प्रतिभागियों को मुफ्त में पढ़ाने के लिये ‘अनएकेडमी’ नामक एक संस्था शुरू की है।
उन्होंने कहा कि 2013 में 21 वर्ष की आयु में सिविल सेवा परीक्षा पास करने वाले सैनी का इस्तीफा केन्द्रीय कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग ने फिलहाल स्वीकार नहीं किया है।

नई दिल्ली: ग्लोडन ग्लोब अवॉर्ड्स के मौके पर लियोनार्डो डीकैप्रियो और लेडी गागा के बीच चंद सेकंड के लिए जो कुछ हुआ, वह चर्चा का विषय बन गया। लियो के लिए भले ही 'ऊप्स मोमेंट' जैसा हो लेकिन निश्चित तौर पर उनके चेहरे के हाव भाव ऐसे थे कि सोशल मीडिया पर वे चंद सेंकड वायरल हो गए।
दरअसल, टीवी मूवी में बेस्ट एक्ट्रेस के लिए लेडी गागा को उनका पहला गोल्डन ग्लोब अवॉर्ड मिला है। उन्हें यह American Horror Story: Hotel के लिए मिला है। वह हॉल में शायद थोड़ा ज्यादा ही पीछे की ओर बैठी हुई थीं। इसी लिए उन्हें अवॉर्ड लेने के लिए स्टेज तक आने के लिए थोड़ा अधिक ही चलकर आना पड़ा। स्टेज तक पहुंचने के रास्ते में उनकी कोहनी लियो से कुछ अजीब से तरीके से टकराई। पहले से ही हंसते हुए लियो अचंभित हुए लेकिन फिर जो जो भा भंगिमाएं उन्होंने दीं, वे काबिलेगौर थे और मजेदार थीं!
वह पहले से ही किस बात पर हंस-खिलखिला रहे थे यह तो नहीं पता, लेकिन जैसे ही यहां-वहां से स्टेज की ओर पहुंचने जा रहीं लेडी गागा उनकी ओर से गुजरीं, लेडी गागा का हाथ (कोहनी) जिस अंदाज में लहलहाया, वह हल्का लियो की ओर मुड़ गया। यह वीडियो देखें खुद ब खुद समझ जाएंगे कि लियो और गागा के बीच के इन अजूबे लेकिन मजेदार पलों के बीच ऐसा क्या था कि वह चर्चा का विषय बन गया। वैसे बता दें कि लियो को बेस्ट फिल्म एक्टर (ड्रामा) कैटिगरी में The Revenant फिल्म के लिए ग्लोडन ग्लोब से नवाजा गया है।

नई दिल्‍ली: पाकिस्तान ने पठानकोट एयरबेस पर हुए आतंकी हमले की जांच के लिए जेआईटी का गठन करने का फैसला किया है। ख़बर के मुताबिक, पाक प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ ने अपने ख़ुफ़िया चीफ को मामले की जांच के लिए ज्वाइंट इंवेस्टिगेशन टीम बनाने को कहा है। भारत ने पाकिस्तान के इस कदम का स्वागत किया है और कहा है कि वह अब नतीजों का इंतजार कर रहा है।
जांच कमेटी को भारत द्वारा लगाए गए उन आरोपों की तहकीकात करनी है, जिसमें भारत सरकार ने हमले की साजिश के लिए पाकिस्तान में बैठे आतंकियों पर आरोप लगाए हैं।
दरअसल, पठानकोट हमले के बाद भारत सरकार के विदेश मंत्रालय ने साफ़ किया है कि पाकिस्तान भारत के दिए सुराग़ों पर कार्रवाई करता दिखे, तभी बात होगी, जिसके बाद पाक पीएम नवाज़ शरीफ़ ने आला अधिकारियों के साथ पठानकोट हमले को लेकर दो बार हाईलेवल मीटिंग की थी।
इसके साथ ही अमेरिका ने भी पाकिस्‍तान से भारत में हुए इस आतंकी हमले की त्‍वरित जांच किए जाने का दबाव बनाया है।

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